युवाओं ने थानों का भ्रमण कर नजदीक से समझी पुलिस की कार्यप्रणाली
सामुदायिक पुलिसिंग पर अनुभवात्मक शिक्षण कार्यक्रम से बढ़ी जागरूकता

रायसेन,। मेरा युवा भारत (My Yuva Bharat) के तहत अनुभवात्मक शिक्षण कार्यक्रम में शामिल युवा प्रतिभागियों ने रायसेन जिले के कोतवाली, महिला व साइबर थाने का शैक्षणिक भ्रमण कर पुलिस विभाग की कार्यप्रणाली को नजदीक से जाना। कार्यक्रम का उद्देश्य सामुदायिक पुलिसिंग व नागरिक सुरक्षा के प्रति युवाओं में जागरूकता बढ़ाना था।
कोतवाली ने कराई परिचयात्मक वॉकथ्रू
कोतवाली थाना के अधिकारी दीपक वर्मा ने युवाओं को थाना स्तर पर होने वाले दैनिक कार्य, शिकायत निवारण, यातायात प्रबंधन व सामान्य अपराधों की रोकथाम की प्रक्रियाओं से अवगत कराया। उन्होंने सामुदायिक पुलिसिंग में नागरिकों की सक्रिय भागीदारी का महत्व बताया और वास्तविक मामलों के आधार पर प्रक्रियाओं का डेमो दिया।
महिला थाने में सुरक्षा व शिकायत प्रक्रिया
महिला थाना प्रभारी निशा अहिरवार ने महिला सुरक्षा, घरेलू हिंसा एवं महिला उत्पीड़न के मामलों में शिकायत दर्ज कराने और सहायता पाने की प्रक्रिया, महिला हेल्प डेस्क की भूमिका व कानूनी अधिकारों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। प्रतिभागियों ने महिला सुरक्षा से जुड़े प्रश्न पूछकर समाधान और सुझाव माँगे।
साइबर थाना ने दी डिजिटल सुरक्षा टिप्स
साइबर थाना के सुरेंद्र सिंह ने ऑनलाइन फ्रॉड, बैंकिंग धोखाधड़ी, फिशिंग और सोशल मीडिया अपराधों पर जागरूक किया। उन्होंने सुरक्षित पासवर्ड, संदिग्ध लिंक पहचानने और किसी भी डिजिटल धोखाधड़ी की स्थिति में तुरंत पुलिस से संपर्क करने की सलाह दी।
युवाओं और पुलिस के बीच विश्वास बढ़ा
अधिकारियों ने कहा कि ऐसे अनुभवात्मक कार्यक्रम समाज व पुलिस के बीच विश्वास को मजबूत करते हैं और युवाओं में प्रशासनिक प्रक्रियाओं व सामाजिक जिम्मेदारियों की समझ बढ़ाते हैं। मेरा युवा भारत, रायसेन की यह पहल युवाओं में अनुशासन, सामाजिक सहभागिता व राष्ट्र-निर्माण की भावना विकसित करने में सहायक रही।
मेरा युवा भारत के प्रतिभागी कोतवाली थाना में अधिकारियों से जानकारी लेते हुए








