वर्ल्ड मेंसट्रुअल हाइजीन डे मनाया-किशोरियों के लिये महावारी पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित
मीत ऑर्गनाइज़ेशन ने आंगनवाड़ी केंद्र में मनाया विश्व मासिक धर्म स्वच्छता दिवस
किशोरियों के प्रश्नों का दिया जवाब,पैड बांटे,बताया महत्व।
भोपाल। वर्ल्ड मेंसट्रुअल हाइजीन डे 28 मई के अवसर पर मीत आर्गेनाइजेशन ने जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया। अयोध्या नगर में महिला बाल विकास के आगनवाड़ी क्रमांक 906 की किशोरी बालिकाओं को ‘विश्व मासिक धर्म स्वच्छता दिवस’ पर जानकारी साझा की और उनके मासिक धर्म संबंधित प्रश्नों के जवाब दिए। मीत ऑर्गेनाइजेशन की निदेशक और बाल अधिकार कार्यकर्ता रेखा श्रीधर ने मासिक धर्म के बारे में किशोरियों के मन में उपजे प्रश्नों का शारीरिक मानसिक और वैज्ञानिक कार{ण औऱ महत्व समझाया। आयोजन में आंगनबाड़ी केंद्र की 20 किशोरी बालिकाओं ने भाग लिया।

महत्वपूर्ण है मासिक धर्म की जानकारी-
प्रशिक्षक रेखा श्रीधर ने किशोरी बालिकाओं को बताया कि पीरियड्स एक महत्वपूर्ण प्राकृतिक प्रक्रिया है। यह हर लड़की को एक उम्र के बाद पीरियड्स होते हैं जिसे हम बोलचाल की भाषा मे मासिक धर्म,महीना आना या महावारी भी कहते हैं। यह हर महिला के लिए बहुत ज्यादा जरूरी माना जाता है। यह प्रक्रिया लड़कियों को हर महीने होती है इस लिए इसे पीरियड्स या मासिक धर्म कहते हैं। पीरियड्स के दौरान महिलाओं को साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखना पड़ता है। यदि पीरियड्स के दौरान महिलाएं सफाई का ध्यान न रखें, तो इससे वजाइना में इंफेक्शन और कई तरह की गंभीर समस्याएं हो सकती हैं। जहां इस विषय पर हमारे परिवार समाज मे खुल कर चर्चा नही की जाती,यही कारण है कि महिलाओं में पीरियड्स को लेकर कई तरह की भ्रांतियां फैली हुई हैं। ऐसे में पीरियड्स के प्रति जागरूकता फैलाने के लिए हर साल 28 मई को विश्व मासिक धर्म स्वच्छता दिवस यानी ‘वर्ल्ड मेंसट्रुअल हाइजीन डे’ (World Menstrual Hygiene Day) मनाया जाता है।आगनवाड़ी कार्यकर्ता संगीता ठाकुर ने भी महावारी पर किशोरियों को जागरूकता प्रशिक्षण दिया। कार्यक्रम में 20 किशोरियों ने प्रशिक्षण प्राप्त किया । अंत में सभी किशोरियों को मीत ऑर्गनाइज़ेशन की ओर से सैनिटरी पेड़ भी वितरित किए गए। साथ ही उन्होंने किशोरियों को उनका उपयोग कैसे करना यह भी सिखाया गया।








