धर्मगुरु दिला रहे विवाह रोकने का संकल्प
संकल्प लें बाल विवाह रोकने हर संभव प्रयास करेंगें-सांध्य दीदी
श्रीमद्भागवत कथा का बाल विवाह मुक्त भारत संकल्प के साथ समापन

मंडीदीप।ग्राम पडोनिया में आयोजित सात दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा का आज सातवें दिन भगवान के गोलोकधाम प्रस्थान के साथ समापन हुआ। कथा वाचक मानस मोहिनी संध्या दीदी ने कहा श्रीमद् भागवत कथा के अंतिम दिन की कथा सुनने का महत्व बदलते हुए कहा की अंतिम दिन की कथा सुनने से सातों दिन की कथा के श्रवण का पूर्ण प्राप्त होता है।समापन पूर्व उन्होंने राजा परीक्षित और सुखदेव महाराज की कथा करते हुए भगवान के परमधाम गमन की कहानी कही। कथा समापन पर एक बालिका का निःशुल्क विवाह भी कराया गया।
इस अवसर पर कथा वाचक सांध्य दीदी ने लोगों को बाल विवाह जैसी कु प्रथा के बारे बतलाया। जिले में कृषक सहयोग संस्थान जस्ट राईट फॉर चिल्ड्रन संस्था के साथ बाल विवाह मुक्त भारत अभियान अंतर्गत कार्यरत है। उन्होंने लोगों को बाल विवाह को सामाजिक बुराई और कानूनन अपराध बतलाते हुए बाल विवाह न करने और ऐसे किसी आयोजन में सम्मलित न होने का संकल्प दिलाया। साथ ही बाल विवाह की सूचना देकर शासन प्रसाशन का सहयोग करने संकल्प दिलाया।
कथा के समापन पर आरती में पूर्व मंत्री और विधायक राजकुमार पटेल, विपिन भार्गव,शिवनाथ शर्मा,रामनारायन शर्मा,रवि शर्मा,योगेश शाहू,समुंदर नागर, रौशनलाल,बलराम पंडित,विक्रम सिंग गुराड़िया,अजान सिह, गिविंद सिंह सहित पांच हजार से अधिक लोगों में भाग लिया।समापन पर भंडारे का आयोजन किया गया है जो देर शाम तक जारी रहा। भंडारे में नगर सहित आसपास के श्रद्धालु पहुंच रहे हैं।







